देश-दुनिया

निशानेबाजी के ‘सुपर गुरु’ जसपाल राणा का निधन,PM मोदी सहित दिग्गज हस्तियों ने जताई शोक-संवेदना

भारतीय निशानेबाजी जगत के लिए शुक्रवार का दिन बुरी खबर लेकर आया। आईएसएसएफ म्यूनिख विश्व कप से वापस लौटने के दौरान मशहूर निशानेबाजी कोच जसपाल राणा की तबीयत बिगड़ी और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। लेकिन 49 वर्ष की उम्र में उनका निधन हो गया। जसपाल एक कोच के रूप में तो प्रसिद्ध थे ही, लेकिन कम उम्र में ही खिलाड़ी के तौर पर उन्होंने काफी नाम कमाया।

Gaurav Dwivedi
June 12, 2026
3 min read
निशानेबाजी के ‘सुपर गुरु’ जसपाल राणा का निधन,PM मोदी सहित दिग्गज हस्तियों ने जताई शोक-संवेदना

भारत के मशहूर निशानेबाजी कोच और स्टार खिलाड़ी रहे जसपाल राणा का शुक्रवार को निधन हो गया। जसपाल 49 साल के थे। हाल ही में म्यूनिख विश्व कप हुआ तो वहीं पर उनकी थोड़ी तबीयत बिगड़ी। म्यूनिख से जब वह भारत आ रहे थे तो फ्लाइट में ही उन्हें थोड़ी बैचेनी महसूस हुई। उनकी फ्लाइट में ही तबीयत खराब हुई। जब वह दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरे तो सीधे उन्हें अस्पताल ले जाया गया जहां उनका निधन हो गया।

जसपाल राणा का निधन निशानेबाजी जगत के लिए बड़ी क्षति
अस्पताल में इलाज के दौरान उनको स्टैंट पड़ा और उनकी तबीयत थोड़ी संभली थी। वह बात करने की स्थिति में भी आ गए थे। परिवार के सदस्य ने बताया कि उन्हें दूसरा स्टैंट भी डाला जाना था क्योंकि कुछ और ब्लॉकेज थी। उसमें ही कुछ दिक्कत आई और तबीयत बिगड़ी तथा उनका निधन हो गया। जसपाल राणा का दुनिया से जाना सभी निशानेबाजों के लिए बड़ी क्षति है, विशेषकर जो बच्चे उनके नेतृत्व में ट्रेनिंग करते थे, उनके लिए बड़ी क्षति है। 

भारत में निशानेबाजी को दिलाई पहचान
भारत को अगर निशानेबाजी में कोई जानता है तो उसमें जसपाल राणा को बहुत बड़ा योगदान है। जसपाल राणा ने 1994 में पहली बार हिरोशिमा में एशियाई खेलों में 25 मीटर सेंटर-फायर पिस्टल में स्वर्ण पदक जीता था और उसी वर्ष राष्ट्रमंडल खेल में भी उन्होंने दो स्वर्ण पदक जीते। इसके बाद एकदम से सनसनी फैली थी कि ये कैसा खेल है जिसमें हम पदक जीत सकते हैं। हालांकि, अभिनव बिंद्रा ने 2008 के बीजिंग ओलंपिक में देश को पहला ओलंपिक स्वर्ण दिलाया, लेकिन अगर देश में निशानेबाजी का नाम स्थापित हुआ तो उसमें जसपाल राणा का सबसे बड़ा योगदान है। जसपाल राणा की वजह से ही देश में निशानेबाजी स्थापित हुई। आज भारत जो इस खेल में इतना मजबूत देश बना है, इसकी बहुत बड़ी वजह जसपाल राणा हैं। 

कोच के रूप में भी हुए मशहूर
जसपाल एक बेहतरीन निशानेबाज तो थे ही, लेकिन जब उन्होंने निशानेबाजी करियर से संन्यास लिया तो भी जसपाल ने निशानेबाजी को छोड़ा नहीं। जूनियर बच्चों को उन्होंने ट्रेनिंग देने की एक मुहिम छेड़ी। इस मुहिम में जसपाल बहुत की ज्यादा सफल हुए। जसपाल इस वक्त भारतीय निशानेबाजी टीम के कोच थे और इस वर्ष एशियाई खेल का भी आयोजन होना है। मनु भाकर समेत कई बड़े खिलाड़ियों को वह ट्रेनिंग दे रहे थे। मनु भाकर ने पेरिस ओलंपिक में जो दो पदक जीते, उसमें जसपाल राणा का बहुत बड़ा योगदान है। सौरभ चौधरी हों या मनु भाकर, अनीश भानवाला और हाल ही में विश्व रिकॉर्ड बनाने वाली ईशा सिंह को भी उन्होंने ट्रेनिंग दी। जसपाल राणा का इस तरह दुनिया से जाना निशानेबाजी के लिए बहुत ही बड़ी क्षति है। निशानेबाजी जगत के लिए इससे बड़ी क्षति कुछ हो नहीं सकती है। 

दिग्गज शूटर एवं कोच जसपाल राणा के निधन पर देश में शोक की लहर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित अलग-अलग क्षेत्रों की शख्सियतों ने अपनी शोक-संवेदना जाहिर की है। पीएम मोदी ने कहा कि जसपाल राणा के निधन से भारतीय खेल जगत को भारी क्षति पहुंची है। पीएम ने कहा कि निशानेबाजी में राणा ने असाधारण प्रदर्शन करते हुए देश को गौरवान्वित किया। साथ ही एक मेंटर के रूप में उन्होंने नए एवं युवा खिलाड़ियों का मार्गदर्शन और उन्हें प्रेरित किया।

X पर अपने ट्वीट में पीएम ने कहा, 'उत्कृष्टता, अनुशासन और खेल जगत की सेवा के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता ने उन्हें अपार सम्मान और प्रशंसा दिलाई। इस दुखद घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार, मित्रों और पूरे खेल जगत के साथ हैं। ॐ शां

इस खबर को लाइक और शेयर करें

Comments (0)

0/2000 characters

Facebook टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए Facebook में लॉगिन करें

टिप्पणियां अक्षम हैं। व्यवस्थापक से संपर्क करें।

Related Stories

श्रीजगन्नाथ जी रथयात्रा में शामिल हुए उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, बोले-हम सब पर उनकी कृपा

उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने लखनऊ में श्री जगन्नाथ जी की रथयात्रा में भाग लिया और आशीर्वाद प्राप्त करने की बात कही।

श्रद्धा मर्डर केस: आफताब को नहीं हत्या का पछतावा, पॉलीग्राफ टेस्ट में खुलासा; आज भी अंतिम संस्कार को तरस रहा परिवार

श्रद्धा मर्डर केस में आफताब को हत्या का पछतावा नहीं, पॉलीग्राफ टेस्ट में खुलासा। परिवार अंतिम संस्कार के लिए तरस रहा है।

PoK में बड़ा बवाल: पाकिस्तानी सेना की फायरिंग में 6 लोगों की मौत, भारत ने कहा- व्यवस्थित शोषण का नतीजा

PoK में पाकिस्तानी सेना की फायरिंग में 6 लोगों की मौत, भारत ने इसे व्यवस्थित शोषण का नतीजा बताया।