लखनऊ LIVE

लखनऊ में जेन-जी छात्रों के समर्थन में यूथ कांग्रेस का विरोध-प्रदर्शन, राजभवन घेरने की कोशिश पुलिस ने की नाकाम

यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को लखनऊ में जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया। यह विरोध प्रदर्शन जेन-जी छात्रों के समर्थन में किया गया। प्रदर्शनकारी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग कर रहे थे।

Gaurav Dwivedi
August 22, 2026
3 min read
लखनऊ में जेन-जी छात्रों के समर्थन में यूथ कांग्रेस का विरोध-प्रदर्शन, राजभवन घेरने की कोशिश पुलिस ने की नाकाम

लखनऊ : उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में जेन-जी छात्रों के समर्थन और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग को लेकर शनिवार को यूथ कांग्रेस ने जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया। दिल्ली के जंतर-मंतर पर जेन-जी छात्रों के आंदोलन के दौरान हुई पुलिस की कार्रवाई के अलावा पैलेट गन के इस्तेमाल के विरोध में कार्यकर्ताओं ने परिवर्तन चौक से विधानसभा होते हुए राजभवन घेरने के लिए दो किमी से ज्यादा लंबे मार्च का ऐलान किया था।

हालांकि, विरोध प्रदर्शन की सूचना मिलते ही तय समय से करीब डेढ़ घंटे पहले ही भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र व प्रदेश की योगी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने खींच-खींचकर गाड़ियों में भरा

लखनऊ के परिवर्तन चौक से शुरू हुआ कांग्रेस के युवा छात्रों का मार्च जैसे ही करीब 300 मीटर आगे बाबू केडी सिंह स्टेडियम के पास पहुंचा, वहां पहले से मुस्तैद भारी पुलिस बल ने प्रदर्शनकारियों को बैरिकेड लगाकर रोक लिया। हजरतगंज चौराहे से होते हुए राजभवन की ओर आगे बढ़ने की कोशिश कर रहे यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस की तीखी झड़प और धक्का-मुक्की हुई।

इसके बाद पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए एक-एक कार्यकर्ता को जबरन उठाकर पुलिस वैन में डाला और सीधे इको गार्डन भेज दिया। इस हंगामे के चलते स्टेडियम चौराहे पर कुछ देर तक जाम की स्थिति बनी रही, जिसे बाद में पुलिस ने नियंत्रित किया।

प्रदेश अध्यक्ष दीपक शिवहरे के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन

यूथ कांग्रेस के इस बड़े प्रदर्शन का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक शिवहरे कर रहे थे। छात्रों की आवाज बुलंद करने के लिए कांग्रेस के यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम, सांसद राकेश राठौर, राष्ट्रीय सचिव जगदीश चंद्र जांगीड़, अब्दुल हन्नान और पूर्व एमएलसी दीपक सिंह समेत कई वरिष्ठ नेता भी मार्च में शामिल हुए। राजभवन कूच के दौरान पुलिस ने सभी वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में ले लिया और प्रदर्शनकारियों के साथ उन्हें भी गाड़ियों में बैठाकर इको गार्डन भेज दिया।


'पेपर लीक रोकते तो आंदोलन न होते'

पुलिस की गाड़ी में बैठाए जाने के बाद पूर्व एमएलसी दीपक सिंह ने सरकार पर करारा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जितनी पुलिस फोर्स छात्रों और विपक्ष के लोकतांत्रिक प्रदर्शन को कुचलने में लगाई गई है यदि उतनी मेहनत पेपर लीक रोकने में की जाती तो आज देश का युवा सड़कों पर नहीं होता। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि गृह मंत्रालय के इशारे पर छात्रों की आवाज दबाई जा रही है। नेताओं ने दो टूक चेतावनी दी कि जब तक गृहमंत्री अमित शाह इस्तीफा नहीं देते और छात्रों पर बर्बरता बंद नहीं होती, यह आंदोलन जारी रहेगा।

इस खबर को लाइक और शेयर करें

Comments (0)

0/2000 characters

Facebook टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए Facebook में लॉगिन करें

टिप्पणियां अक्षम हैं। व्यवस्थापक से संपर्क करें।

Related Stories

लखनऊ में कैदियों को ले जा रही पुलिस वैन खराब, बारिश में इंतजार करते रहे 30 कैदी, रास्‍ते में लगा जाम

लखनऊ से सुल्‍तानपुर जाने वाले रास्‍ते पर रात में कैदी वैन खराब होने से यातायात बाधित हो गया। काफी देर के इंतजार के बाद कैदियों को दूसरी गाड़ी से भेजा गया।

लखनऊ यूनिवर्सिटी में 4 गुना तक बढ़ी हॉस्टल फीस, 7 की जगह 27 हजार चुकाने होंगे, छात्रों ने घेरा VC ऑफिस

लखनऊ यूनिवर्सिटी में छात्रों का प्रदर्शन शुरू हो गया है. मंगलवार को प्रदर्शनकारी छात्रों ने कुलपति ऑफिस का घेराव करते हुए हॉस्टल की बढ़ी हुई फीस को वापस लेने की मांग की है.

ट्रांसपोर्टर धीरेन्द्र प्रताप सिंह की हत्या: कब्जे का किया था खुलासा, उन्नाव जमीन विवाद में CM से की थी जांच की मांग

महाराणा प्रताप चैरिटेबल फाउंडेशन के अध्यक्ष धीरेन्द्र प्रताप सिंह ने बांगरमऊ (उन्नाव) इलाके में भू-माफिया के कब्जे का खुलासा करते हुए मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की थी।

'मैं अभी जिंदा हूं', टीवी पर अपनी मौत की खबर देख हिंदू युवा वाहिनी नेता ने जारी किया वीडियो

लखनऊ में हिंदू युवा वाहिनी के नेता धीरेंद्र प्रताप की अपहरण और हत्या की खबर झूठी निकली। धीरेंद्र प्रताप ने खुद सामने आकर कहा कि वह जीवित और सकुशल हैं और मीडिया से खबरों की पुष्टि करने की अपील की।