लखनऊ में सड़क किनारे खड़ी कार से आ रही थी दुर्गंध, अंदर मिली फाइनेंस कर्मी की सड़ी-गली लाश
लखनऊ के आशियाना में सालेह नगर चौराहे पर तीन दिन से खड़ी कार से दुर्गंध आने पर पुलिस ने फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी ज्ञानेन्द्र सिंह का सड़ा-गला शव बरामद किया है।

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलग अलग इलाकों में कभी सड़क किनारे तो कभी गोमती नदी में लाश मिलने का सिलसिला लगातार जारी है। इसी बीच लखनऊ के आशियाना क्षेत्र से एक ऐसा ही सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां सालेह नगर चौराहे के पास पिछले तीन दिनों से लावारिस खड़ी एक कार से लंबे समय से आ रही दुर्गंध से हड़कंप मच गया।
स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने जब अंदर से लॉक कार का दरवाजा खुलवाया तो उनके होश उड़ गए। कार की पिछली सीट पर एक युवक का सड़ा-गला शव पड़ा मिला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया और अज्ञात लाश की शिनाख्त में जुट गई। तेजी से हुई छानबीन में पता चला कि कार के भीतर मिली लाश रायबरेली के रहने वाले एक फाइनेंस कर्मी की है। हालांकि, पुलिस ने मामले के हर पहलू से गहन जांच शुरू कर दी है।
तीन दिन से सड़क किनारे खड़ी थी कार
बता दें कि आशियाना इलाके के सालेह नगर चौराहे के पास एक अज्ञात स्विफ्ट डिजायर कार (UP 33 BB 8989) खड़ी थी, जिससे अचानक तेज बदबू आने पर गुरुवार देर रात करीब डेढ़ बजे आशियाना पुलिस को स्थास्नीय लोगों की ओर से सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जब कार का दरवाजा खोला तो अंदर युवक मृत अवस्था में मिला।
रायबरेली का रहने वाला था युवक
पुलिस की ओर से जब कार की तलाशी ली गई तो वहां एक आई-कार्ड मिला, जिस पर दर्ज नंबर पर संपर्क करने पर मृतक की शिनाख्त हो सकी। पुलिस ने बताया कि मृतक की पहचान रायबरेली के निराला नगर के रहने वाले 36 वर्षीय ज्ञानेन्द्र सिंह के रूप में हुई। मृतक ज्ञानेन्द्र सिंह लखनऊ के देवीखेड़ा इलाके में किराये पर रहता था और 'Kissht' नाम की एक डिजिटल लेंडिंग (फिनटेक) कंपनी में काम करता था।
ढाई साल की बच्ची के सिर से उठा पिता का साया
पुलिस ने वाहन नम्बर और अन्य माध्यमों से जांच कर मृतक के परिजनों से संपर्क करके उन्हें घटना की जानकारी दी। पुलिस के मुताबिक, मृतक शादीशुदा था और उसकी ढाई साल की एक मासूम बच्ची है। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन बदहवास हालत में लखनऊ पहुंचे। पुलिस अब घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कार को चौराहे पर किसने और कब लाकर खड़ा किया था। इसके अलावा पुलिस ई-चालान ऐप और ई-वेहिकल डिटेल्स के जरिए भी कड़ियां जोड़ने की कोशिश कर रही है।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
आशियाना थाने के थाना प्रभारी ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय थाने की पुलिस टीम के साथ साथ पुलिस अधिकारी और फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गए हैं। मौत की असल वजह हत्या है या कोई अन्य हादसा, इसकी पुष्टि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल पुलिस टीम हर एंगल से जांच में जुटी है। परिजनों की तहरीर और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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